तुम्हें शिकायत है हमसे कि हमें प्रेम करना नहीं आता
शिकवा तो इस दिल को भी हैं पर
मुझे शिकायत करना नहीं आता
Monday, 30 November 2020
[27/11, 8:41 am] Bansi Lal: एक हमें आवारा कहना कोई बड़ा इल्ज़ाम नहीं
दुनिया वाले दिल वालों को और बहुत कुछ कहते हैं
[27/11, 8:41 am] Bansi Lal: न जाने बादलो के दरमिया क्या साजिश हुई,
जिसका घर मिट्टी का था उसी के घर बारिश हुई !
[27/11, 10:24 pm] Bansi Lal: न जाने कौन से रस्ते में कब मिलेगा मुझे
वो जो एक ख्वाब कभी जागता सा छोड़ गया
[27/11, 10:25 pm] Bansi Lal: कभी जंगल कभी सहरा कभी दरिया लिखा
अब कहाँ याद कि हम ने तुझे क्या क्या लिखा...
[27/11, 10:34 pm] Bansi Lal: पूर्ण विश्वास के साथ बोला गया “नहीं” सिर्फ दूसरों को खुश करने या समस्या से छुटकारा पाने के लिए बोले गए “हाँ” से बेहतर है।
[27/11, 10:38 pm] Bansi Lal: तुमने हमें पूज पूज कर पत्थर कर डाला;
वे जो हमपर जुमले कसते हैं हमें ज़िंदा तो समझते हैं !
[27/11, 10:44 pm] Bansi Lal: One of the hardest life lessons is letting go. Change isn’t easy, but it’s better than being stuck.
[27/11, 10:50 pm] Bansi Lal: एक नज़र देखके सौ नुक्स निकाले मुझमें
फिर भी में खुश हूं कि मुझे गौर से देखा उसने
[27/11, 10:51 pm] Bansi Lal: बुरे दिनों में कर नहीं कभी किसी से आस
परछाई भी साथ दे, जब तक रहे प्रकाश
~ गोपालदास "नीरज"
[27/11, 8:41 am] Bansi Lal: एक हमें आवारा कहना कोई बड़ा इल्ज़ाम नहीं
दुनिया वाले दिल वालों को और बहुत कुछ कहते हैं
[27/11, 8:41 am] Bansi Lal: न जाने बादलो के दरमिया क्या साजिश हुई,
जिसका घर मिट्टी का था उसी के घर बारिश हुई !
[27/11, 10:24 pm] Bansi Lal: न जाने कौन से रस्ते में कब मिलेगा मुझे
वो जो एक ख्वाब कभी जागता सा छोड़ गया
[27/11, 10:25 pm] Bansi Lal: कभी जंगल कभी सहरा कभी दरिया लिखा
अब कहाँ याद कि हम ने तुझे क्या क्या लिखा...
[27/11, 10:34 pm] Bansi Lal: पूर्ण विश्वास के साथ बोला गया “नहीं” सिर्फ दूसरों को खुश करने या समस्या से छुटकारा पाने के लिए बोले गए “हाँ” से बेहतर है।
[27/11, 10:38 pm] Bansi Lal: तुमने हमें पूज पूज कर पत्थर कर डाला;
वे जो हमपर जुमले कसते हैं हमें ज़िंदा तो समझते हैं !
[27/11, 10:44 pm] Bansi Lal: One of the hardest life lessons is letting go. Change isn’t easy, but it’s better than being stuck.
[27/11, 10:50 pm] Bansi Lal: एक नज़र देखके सौ नुक्स निकाले मुझमें
फिर भी में खुश हूं कि मुझे गौर से देखा उसने
[27/11, 10:51 pm] Bansi Lal: बुरे दिनों में कर नहीं कभी किसी से आस
परछाई भी साथ दे, जब तक रहे प्रकाश
~ गोपालदास "नीरज"
[27/11, 8:41 am] Bansi Lal: एक हमें आवारा कहना कोई बड़ा इल्ज़ाम नहीं
दुनिया वाले दिल वालों को और बहुत कुछ कहते हैं
[27/11, 8:41 am] Bansi Lal: न जाने बादलो के दरमिया क्या साजिश हुई,
जिसका घर मिट्टी का था उसी के घर बारिश हुई !
[27/11, 10:24 pm] Bansi Lal: न जाने कौन से रस्ते में कब मिलेगा मुझे
वो जो एक ख्वाब कभी जागता सा छोड़ गया
[27/11, 10:25 pm] Bansi Lal: कभी जंगल कभी सहरा कभी दरिया लिखा
अब कहाँ याद कि हम ने तुझे क्या क्या लिखा...
[27/11, 10:34 pm] Bansi Lal: पूर्ण विश्वास के साथ बोला गया “नहीं” सिर्फ दूसरों को खुश करने या समस्या से छुटकारा पाने के लिए बोले गए “हाँ” से बेहतर है।
[27/11, 10:38 pm] Bansi Lal: तुमने हमें पूज पूज कर पत्थर कर डाला;
वे जो हमपर जुमले कसते हैं हमें ज़िंदा तो समझते हैं !
[27/11, 10:44 pm] Bansi Lal: One of the hardest life lessons is letting go. Change isn’t easy, but it’s better than being stuck.
[27/11, 10:50 pm] Bansi Lal: एक नज़र देखके सौ नुक्स निकाले मुझमें
फिर भी में खुश हूं कि मुझे गौर से देखा उसने
[27/11, 10:51 pm] Bansi Lal: बुरे दिनों में कर नहीं कभी किसी से आस
परछाई भी साथ दे, जब तक रहे प्रकाश
~ गोपालदास "नीरज"
Saturday, 28 November 2020
सबसे बड़ा गुण:
सबसे बड़ा गुण।
एक राजा को अपने लिए सेवक की आवश्यकता थी। उसके मंत्री ने दो दिनों के बाद एक योग्य व्यक्ति को राजा के सामने पेश किया। राजा ने उसे अपना सेवक बना तो लिया पर बाद में मंत्री से कहा, ‘‘वैसे तो यह आदमी ठीक है पर इसका रंग-रूप अच्छा नहीं है।’’ मंत्री को यह बात अजीब लगी पर वह चुप रहा।
एक बार गर्मी के मौसम में राजा ने उस सेवक को पानी लाने के लिए कहा। सेवक सोने के पात्र में पानी लेकर आया। राजा ने जब पानी पिया तो पानी पीने में थोड़ा गर्म लगा। राजा ने कुल्ला करके फेंक दिया। वह बोला, ‘‘इतना गर्म पानी, वह भी गर्मी के इस मौसम में, तुम्हें इतनी भी समझ नहीं।’’ मंत्री यह सब देख रहा था। मंत्री ने उस सेवक को मिट्टी के पात्र में पानी लाने को कहा। राजा ने यह पानी पीकर तृप्ति का अनुभव किया।
इस पर मंत्री ने कहा, ‘‘महाराज, बाहर को नहीं, भीतर को देखें। सोने का पात्र सुंदर, मूल्यवान और अच्छा है, लेकिन शीतलता प्रदान करने का गुण इसमें नहीं है। मिट्टी का पात्र अत्यंत साधारण है लेकिन इसमें ठंडा बना देने की क्षमता है। कोरे रंग-रूप को न देखकर गुण को देखें।’’ उस दिन से राजा का नजरिया बदल गया।
सम्मान, प्रतिष्ठा, यश, श्रद्धा पाने का अधिकार चरित्र को मिलता है, चेहरे को नहीं। चाणक्य ने कहा है कि मनुष्य गुणों से उत्तम बनता है न कि ऊंचे आसन पर बैठने से या पदवी से। जैसे ऊंचे महल के शिखर पर बैठ कर भी कौवा, कौवा ही रहता है; गरुड़ नहीं बन जाता। उसी तरह अमिट सौंदर्य निखरता है मन की पवित्रता से, क्योंकि सौंदर्य रंग-रूप, नाक-नक्श, चाल-ढाल, रहन-सहन, सोच-शैली की प्रस्तुति मात्र नहीं होता। यह व्यक्ति के मन, विचार, चिंतन और कर्म का आइना है। कई लोग बाहर से सुंदर दिखते हैं मगर भीतर से बहुत कुरूप होते हैं। जबकि ऐसे भी लोग हैं जो बाहर से सुंदर नहीं होते मगर उनके भीतर भावों की पवित्रता इतनी ज्यादा होती है कि उनका व्यक्तित्व चुंबकीय बन जाता है। सुंदर होने और दिखने में बहुत बड़ा अंतर है।
*शिक्षा:-*
आपका चरित्र ही आपका सबसे बड़ा गुण है।
Wednesday, 25 November 2020
[11/13, 7:41 AM] Bansi Lal: आवाज का लहजा बता देता है,
रिश्तों में गहराइयों की हद क्या है !
[11/13, 7:42 AM] Bansi Lal: इतने घने बादल के पीछे
कितना तन्हा होगा चाँद
[11/13, 7:43 AM] Bansi Lal: कमाल ये नहीं कि वो झूठ बोलता रहा,
कमाल ये है कि हम अब भी ऐतबार करते हैं!!!
[11/13, 7:43 AM] Bansi Lal: तुम ज़माने की राह से आए
वर्ना सीधा था रास्ता दिल का
[11/13, 7:44 AM] Bansi Lal: Confidence is silent.
Insecurities are loud.
[11/13, 7:50 AM] Bansi Lal: खुशी की आँख में आंसू की भी जगह रखना
बुरे ज़माने कभी पूछ कर नहीं आते...
[11/13, 7:51 AM] Bansi Lal: मनाओ जश्न मंज़िल पर पहुँच जाने का तुम लेकिन
ख़बर उनकी भी लो यारो जो हिम्मत हार बैठे हैं
[11/13, 11:52 AM] Bansi Lal: If someone sticks by your side through your worst times, they're the ones who deserve to be with you through your best times.
[11/14, 7:36 AM] Bansi Lal: क़ुर्बतें होते हुए भी फ़ासलों में क़ैद हैं,
कितनी आज़ादी से हम अपनी हदों में क़ैद हैं
[11/14, 7:37 AM] Bansi Lal: कुर्बत- nearness, vicinity, नज़दीकी
[11/14, 7:38 AM] Bansi Lal: जब लोग आपको समझ नहीं पाते
तो वो आपको ग़लत क़रार दे देते हैं!
[11/14, 7:39 AM] Bansi Lal: "संस्कार" दिए बिना, "सुविधा" देना
"पतन" का कारण हैं.....।।।
[11/14, 7:39 AM] Bansi Lal: Love is not what you say.
Love is what you do.
[11/14, 7:40 AM] Bansi Lal: जब समाज टूट रहा होगा
तो कुछ लोग
उसे बचाने नहीं
उसमें अपना हिस्सा लेने आएंगे..
[11/14, 7:42 AM] Bansi Lal: Don't waste your time trying to get people to love you. Spend your time with those who already do.
[11/15, 4:02 PM] Bansi Lal: कुछ नहीं चाहिए तुझ से ऐ मेरी उम्र-ए-रवाँ
मेरा बचपन, मेरे जुगनू, मेरी गुड़िया ला दे
[11/16, 7:03 AM] Bansi Lal: असत्य अधिक आकर्षक होता है!
[11/16, 7:06 AM] Bansi Lal: मनुष्य अपने विश्वास से निर्मित होता है,
जैसा वो सोचता है, वैसा वो बन जाता है..
[11/16, 7:11 AM] Bansi Lal: दीवार क्या गिरी मिरे ख़स्ता मकान की
लोगों ने मेरे सेहन में रस्ते बना लिए
(सेहन- सल्तनत, प्रॉपर्टी)
[11/16, 7:12 AM] Bansi Lal: सहनशील होना अच्छी बात है,
पर अन्याय का विरोध करना उससे भी उत्तम है।
[11/16, 7:16 AM] Bansi Lal: इंसान कभी ज़िंदगी में इतना जीत जाता है
कि हारना भूल जाता है।
[11/16, 7:18 AM] Bansi Lal: ‘अयोग्य लोगों की तारीफ़ छिपे हुए व्यंग्य के समान होती है’
[11/17, 9:27 PM] Bansi Lal: तू गुजर जाये करीब से
वो भी मुलाकात से कम नहीं
[11/17, 9:28 PM] Bansi Lal: किसी की आदत हो जाना ...
मोहब्बत से
भी ज़्यादा भयावह हैं .. !!
....
[11/17, 9:30 PM] Bansi Lal: इस भीषण संसार में प्रेम करने वाले हृदय को दबा देना
सबसे बड़ी हानि है..।
[11/17, 9:32 PM] Bansi Lal: लिखा करते हैं हम दोनों ही गोया फ़र्क़ है इतना
अंधेरा जब लिखा उसने तो हमने रोशनी लिक्खी
[11/17, 9:32 PM] Bansi Lal: "बस इतना बता दो इंतिज़ार करूँ,
या बदल जाऊँ
तुम्हारी तरह"
[11/17, 10:09 PM] Bansi Lal: पानी की बून्द झील में गिरने पर अपनी पहचान खो देती है।
औऱ यही बून्द अगर किसी पते पर गिरे तो यह चमक उठती है।।
इसलिए अपनी उचित जगह पहचाने जहां आपकी योग्यता (प्रकाशमयी) चमक उठे।
🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹
[11/18, 6:39 AM] Bansi Lal: कई दफ़ा ख़ुद से बढ़कर जब
किसी से तुम मोहब्बत करते हो,
इतने सस्ते हो जाते हो तुम की
उन्हें मुफ़्त के लगते हो..
[11/18, 6:41 AM] Bansi Lal: ये समंदर भी दुनिया की तरह कितना खुदगर्ज़ है
ज़िंदा हो तो तैरने नहीं देता, मर जाओ तो डूबने नहीं देता
[11/18, 6:42 AM] Bansi Lal: ...
" बेवजह है तभी तो दोस्ती है....
वजह होती तो व्यापार होता.... साहब "
[11/19, 6:20 AM] Bansi Lal: अंधेरों से कह दो वो कहीं और घर बना लें
हमारे शहर में।रौशनी का सैलाब आया है
[11/19, 6:35 AM] Bansi Lal: किसी भी वक़्त बदल सकता है लम्हा कोई,
इस क़दर ख़ुश भी न हो मेरी परेशानी पर...
[11/19, 6:38 AM] Bansi Lal: बिना प्रयास के सिर्फ नीचे गिर सकते
हैं ऊपर नहीं उठ
सकते..
यही गुरुत्वाकर्षण का नियम है और
जीवन का
भी!
[11/19, 6:43 AM] Bansi Lal: '...सबसे बेहतर लोग ख़ुद के हाथों मारे जाते हैं!'
दुनिया के इस मेले में, देखो हारे जाते है!!
[11/19, 6:44 AM] Bansi Lal: “जीवन में एक बात हमेशा याद रखें, विश्वास और ईमानदारी इंसान की अमूल्य धरोहर है”
[11/19, 6:46 AM] Bansi Lal: कंहा से लाएंगे अब .. इतना होंसला ..
के, तुझे भुलाएँ भी और .. मुस्कुराएं भी....
[11/19, 11:53 AM] Bansi Lal: Evaluate the people in your life; then promote , demote, or terminate. You are the CEO of your life.
[11/19, 7:56 PM] Bansi Lal: यह ज़िन्दगी बड़ा उलझा रही है.
मगर कैसे जीना है, यह सिखा रही है....!!
[11/19, 9:06 PM] Bansi Lal: The less you respond to negative people, the more peaceful your life will become. Stay positive and tune out the negativity in your life.
[11/19, 9:06 PM] Bansi Lal: जिस से पूछें तेरे बारे में यही कहता है
खूबसूरत है, जरुरी नहीं वफादार भी हो..!!
[11/19, 9:08 PM] Bansi Lal: भूख़..सारी मर्यादाएं तोड़ देती है
और.... ग़ुरूर.....सारी इंसानियत..!!!
[11/19, 9:18 PM] Bansi Lal: The relationship you have with your inner self is the relationship you'll mirror with everyone you meet.
[11/19, 9:18 PM] Bansi Lal: जिसकी अनुपस्थिति में भी
तुम जिससे मानसिक संवाद करते हो,
उसके साथ तुम्हारा प्रेम होना तय है।
Wednesday, 18 November 2020
सहारे मत तलाश करें:
*सहारे मत तलाश करें*
ईरान का एक बादशाह सर्दियों की शाम जब अपने महल में दाखिल हो रहा था तो एक बूढ़े दरबान को देखा जो महल के सदर दरवाज़े पर पुरानी और बारीक वर्दी में पहरा दे रहा था।
बादशाह ने उसके करीब अपनी सवारी को रुकवाया और उस ज़ईफ़ दरबान से पूछने लगा ;
"सर्दी नही लग रही ?"
दरबान ने जवाब दिया "बोहत लग रही है हुज़ूर ! मगर क्या करूँ, गर्म वर्दी है नही मेरे पास, इसलिए बर्दाश्त करना पड़ता है।"
"मैं अभी महल के अंदर जाकर अपना ही कोई गर्म जोड़ा भेजता हूँ तुम्हे।"
दरबान ने खुश होकर बादशाह को फर्शी सलाम किया और आजिज़ी का इज़हार किया।
लेकिन बादशाह जैसे ही महल में दाखिल हुआ, दरबान के साथ किया हुआ वादा भूल गया।
सुबह दरवाज़े पर उस बूढ़े दरबान की अकड़ी हुई लाश मिली और करीब ही मिट्टी पर उसकी उंगलियों से लिखी गई ये तहरीर भी ;
"बादशाह सलामत ! मैं कई सालों से सर्दियों में इसी नाज़ुक वर्दी में दरबानी कर रहा था, मगर कल रात आप के गर्म लिबास के वादे ने मेरी जान निकाल दी।"
*सहारे इंसान को खोखला कर देते है। उसी तरह उम्मीदें कमज़ोर कर देती है, अपनी ताकत के बल पर जीना शुरू कीजिए, असल सहारा उस मालिक का है जो ज़िन्दगी में भी हमारे साथ है और मरने के बाद भी जिसकी रहमत हम को तनहा नही छोड़ती।
Friday, 13 November 2020
[11/13, 7:41 AM] Bansi Lal: आवाज का लहजा बता देता है,
रिश्तों में गहराइयों की हद क्या है !
[11/13, 7:42 AM] Bansi Lal: इतने घने बादल के पीछे
कितना तन्हा होगा चाँद
[11/13, 7:43 AM] Bansi Lal: कमाल ये नहीं कि वो झूठ बोलता रहा,
कमाल ये है कि हम अब भी ऐतबार करते हैं!!!
[11/13, 7:43 AM] Bansi Lal: तुम ज़माने की राह से आए
वर्ना सीधा था रास्ता दिल का
[11/13, 7:44 AM] Bansi Lal: Confidence is silent.
Insecurities are loud.
[11/13, 7:50 AM] Bansi Lal: खुशी की आँख में आंसू की भी जगह रखना
बुरे ज़माने कभी पूछ कर नहीं आते...
[11/13, 7:51 AM] Bansi Lal: मनाओ जश्न मंज़िल पर पहुँच जाने का तुम लेकिन
ख़बर उनकी भी लो यारो जो हिम्मत हार बैठे हैं
[11/13, 11:52 AM] Bansi Lal: If someone sticks by your side through your worst times, they're the ones who deserve to be with you through your best times.
[11/12, 7:53 AM] Bansi Lal: मैं इतिहास सा था सो विवादित रहा
.
.
वो भूगोल थी .. बदल गयी
[11/12, 7:54 AM] Bansi Lal: जीत की पहली बधाई भी उसी ने दी है,
देखता रहता था जो यार मेरी हार के ख़्वाब
[11/12, 7:54 AM] Bansi Lal: चाँद का ख़्वाब उजालों की नज़र लगता है
तू जिधर हो के गुज़र जाए ख़बर लगता है।
[11/12, 7:55 AM] Bansi Lal: आप कितना भी शांति को तलाशते रहें पर वो आपके अंदर ही है।
[11/12, 7:56 AM] Bansi Lal: आखों पे भरोसा करना सिखिये..
हर बात की गवाही नहीं दी जाती !
[11/12, 7:57 AM] Bansi Lal: वो इस कमाल से खेला था इश्क़ की बाज़ी
मैं अपनी फ़तह समझता था मात होने तक
[11/12, 7:59 AM] Bansi Lal: दोनों ने किया है मुझ को रुस्वा
कुछ दर्द ने और कुछ दवा ने
[11/12, 8:03 AM] Bansi Lal: मैं दो दिन की ज़िंदगी जी सकता हूँ
एक दिन मैं तुम्हारे पास रहूँगा
दूसरे दिन तुम मेरे पास रहना
ज़िंदगी ऐसी ही बीती
[11/12, 8:24 AM] Bansi Lal: बड़े नादां है जो इस दौर में भी बफ की उमीद करते है
यहाँ दुआ कुबूल न हो तो लोग भगवान बदल देते हैं
[11/12, 8:27 AM] Bansi Lal: "बफ" की जगह "बफा" पढें
[11/12, 10:05 AM] Bansi Lal: तनाव , व्याकुल्ता(चिंता) और अवसाद (निराशा, उदासी) इन सब का कारण एक ही है:-
निःसन्देह वो सब लोंगो को खुश रखने की कोशिश करना है।
अतः अपनी मंजिल को ध्यान केंद्रित करें और निसंकोच लोगों की परवाह किये बगैर आगे बढ़ें।
[11/12, 8:25 PM] Bansi Lal: ज़माना बड़े शौक़ से सुन रहा था
हमीं सो गए दास्ताँ कहते कहते
[11/12, 8:26 PM] Bansi Lal: चल दिया वो साथ मेरा छोड़ कर
वक़्त ने भी वक़्त पर धोका दिया
[11/12, 8:27 PM] Bansi Lal: खुद को अपनी ही नजरों से गिराना छोड़ दो....
जब लोग तुम्हें ना समझें तो उन्हें समझाना ही छोड़ दो..!!!
[11/12, 8:29 PM] Bansi Lal: ना क़ैद में लेता है ना रिहाई देता है...
एक शख्स हर जगह दिखाई देता है ...!!
[11/10, 9:29 AM] Bansi Lal: फौलादी इरादों से तो चट्टानें भी टूटी,
मुस्तक़बिल खुद का खुद बनना पड़ता है!
[11/10, 9:30 AM] Bansi Lal: लहजा समझ में आ जाता है मुझे हर किसी का
बस उन्हें शर्मिंदा करना मेरे मिजाज में नहीं
[11/10, 2:08 PM] Bansi Lal: 'ज़िंदगी को लेकर हमारी शिकायतें जितनी कम होती जाएगी,
हमारा जीवन उतना ही बेहतर बनता जाएगा!'
[11/11, 8:23 AM] Bansi Lal: कुछ लम्हों को ख्वाबों में जी लेना अच्छा है..
हकीकत इतने मौके नहीं देती..
[11/11, 8:24 AM] Bansi Lal: “प्रेम और करुणा आवश्यकताएँ हैं, विलासिता नहीं।
उनके बिना मानवता जीवित नहीं रह सकती”
[11/11, 8:25 AM] Bansi Lal: कितना मुश्किल है , वहां रहना
जहां... तुम भी हो , मैं भी हूँ , पर हम न हो
[11/11, 8:25 AM] Bansi Lal: तुमने सिर्फ मेरी हार देखी है
तुमने मुझे लड़ते हुए नहीं देखा
[11/11, 6:55 PM] Bansi Lal: "निर्णय चाहे जितनी भी समझदारी से किया जाय,
वह कुछ न कुछ असन्तोष पैदा करता ही है।"
[11/11, 6:56 PM] Bansi Lal: और क्या देखने को बाक़ी है
आप से दिल लगा के देख लिया
[11/11, 6:57 PM] Bansi Lal: वक़्त की गर्दिशों का ग़म न करो
हौसले मुश्किलों में पलते हैं
[11/11, 6:57 PM] Bansi Lal: इन से उम्मीद न रख हैं ये सियासत वाले
ये किसी से भी मोहब्बत नहीं करने वाले
[11/11, 7:00 PM] Bansi Lal: टूटने का मतलब हमेशा खत्म होना नहीं होता ,
कभी-कभी टूटना ज़िन्दगी का आगाज़ होता है ,
[11/11, 7:03 PM] Bansi Lal: बड़े निर्णय लेते समय डरना गलत
नहीं है..
लेकिन डर के कारण बड़े निर्णय
नहीं लेना गलत
है..!!
[11/11, 7:06 PM] Bansi Lal: भरोसा सब पर कीजिए लेकिन सावधानी के साथ ...... ....
क्योकि ........
कभी-कभी अपने दाँत भी जीभ को काट लेते है
[11/11, 7:07 PM] Bansi Lal: हम मिले या न मिले ये तो वक़्त ही बताएगा,
पर में तुझे जी भर के याद भी न करू ऐसा वक़्त कभी न आएगा...
[11/11, 7:23 PM] Bansi Lal: हर बात के यूँ तो.........दिए जवाब उस ने...
जो ख़ास बात थी हर बार हँस के टाल गया !
[11/8, 7:55 PM] Bansi Lal: तुम्हारी निन्दा वही करेगा, जिसकी तुमने भलाई की है।
[11/8, 7:56 PM] Bansi Lal: विष का जो व्यापार करेगा..
उसकी हमदर्दी हो ही जायेगी..
सापों और सपेरों से...
[11/8, 8:01 PM] Bansi Lal: Never stop learning, you are one idea away from changing your life.
[11/8, 8:04 PM] Bansi Lal: आख़िर कब तक अजगर हम को अंडों में ही निगलेंगे,
एक तो दिन अपना भी होगा अपने भी पर निकलेंगे
[11/8, 8:15 PM] Bansi Lal: जहाँ आदर नहीं वहां जाना नहीं ...
जो सुनता नहीं उसे समझाना नहीं ..
जो पचता नहीं उसे खाना नहीं ...
..और ...
जो सत्य पर भी रूठे ..उसे मनाना नहीं ..!!
[11/8, 8:17 PM] Bansi Lal: कोई मुझ तक पहुंच नहीं पाता
इतना आसान है पता मेरा
[11/9, 9:03 PM] Bansi Lal: द्वेष तर्क और प्रमाण नहीं सुनता!
[11/9, 9:03 PM] Bansi Lal: द्वेष
तर्क और प्रमाण नहीं सुनता!
[11/9, 9:06 PM] Bansi Lal: राख हो जाता है पूरा जंगल ,
जब एक चिंगारी सूखे पत्ते से इश्क कर बैठता है ,
[11/9, 9:17 PM] Bansi Lal: दो सबसे महान योद्धा हैं धैर्य और समय.
[11/9, 9:23 PM] Bansi Lal: रिश्ते बड़े नाज़ुक होते हैं, संभालिए इन्हें!
एक हल्की दरार भी जीवन भर का चैन छिन लेती है।
[11/9, 9:24 PM] Bansi Lal: "पंछी कभी भी अपने बच्चों के भविष्य के लिए घोंसला बनाकर नहीं देते,
वे तो बस उन्हें उड़ने की कला सिखाते हैं"
[11/7, 6:42 AM] Bansi Lal: एक शक्श पे लुटा देते हैं जो जिंदगी अपनी,
ऐसे लोग अब किताबों में ही मिला करते हैं..
[11/7, 6:43 AM] Bansi Lal: मासूम दिल के एहसास का समंदर चुपचाप ही बहा करता
आंखों के ये अश्क मोती है, इनको हर वक्त क्या लुटाना|
[11/7, 6:46 AM] Bansi Lal: दोज़ख सी इस दुनियां को दिल की तकलीफें क्या बताना
भर ही जायेंगे धीरे-धीरे, हैं ज़ख्म कितने, क्या दिखाना!!!
[11/7, 8:09 PM] Bansi Lal: कोशिश करना छोड़ दूँ मैं
कुछ लोगों की कोशिश है
[11/7, 8:17 PM] Bansi Lal: ये कैसी आग है मुझ में कि एक मुद्दत से
तमाशा देख रहा हूँ मैं अपने जलने का
[11/7, 8:17 PM] Bansi Lal: तबाह कर गई पक्के मकान की ख़्वाहिश
मैं अपने गाँव के कच्चे मकान से भी गया
[11/7, 8:18 PM] Bansi Lal: कुछ लोग ज़ाहिर नही करते
लेकिन परवाह बहुत करते हैं,
[11/7, 8:19 PM] Bansi Lal: वाक़िफ थी लाइलाज़ हैं ये इश्क़, ना किजिए,
नाफ़रमान अपना ही दिल जो निकलें,तो क्या किजिए...
[11/7, 8:20 PM] Bansi Lal: Your hardest times often lead to the greatest moments of your life, keep the faith, it will all be worth it one day.
[11/7, 8:20 PM] Bansi Lal: "जिसके पास उम्मीद है वह हारकर भी नहीं हारता"
[11/7, 8:21 PM] Bansi Lal: Don't change so that people will like you. Be yourself and the right people will love you.
[11/4, 8:05 AM] Bansi Lal: Anyone Can Make You Smile,
Many People Can Make You Cry,
But It Takes Someone Really Special
To Make You Smile With Tears In Your Eyes...
[11/4, 8:07 AM] Bansi Lal: Any body can love a Rose; But it takes a great deal to love a leaf.
Dont love some one who is beautiful; But love the who can make u r life beautiful..
[11/4, 8:08 AM] Bansi Lal: "A Lie dosen't end a relationship, usually truth does..!!"
[11/4, 8:45 AM] Bansi Lal: वो बात बात पे देता है परिंदों की मिसाल
साफ़ साफ़ नहीं कहता मेरा शहर ही छोड़ दो
[11/4, 4:35 PM] Bansi Lal: सफ़ाई देने में अपना समय बर्बाद मत करो;
लोग केवल वही सुनते हैं जो वे सुनना चाहते हैं।
[11/6, 8:33 PM] Bansi Lal: वो किताबों में दर्ज था ही नहीं,
सिखाया जो सबक ज़िंदगी ने !
[11/6, 8:35 PM] Bansi Lal: ख़ैर गुज़री कि न पहुँची तेरे दर तक
वर्ना आह ने आग लगा दी है जहाँ ठहरी है
[11/6, 8:35 PM] Bansi Lal: बेजान पड़े थे कि... सांस लौट आयी जिस्म में ...!
उसने जाते-जाते मुस्कुरा के देख लिया हम को...!
[11/6, 8:36 PM] Bansi Lal: तू नहीं है, तो मयखाने जायें
ये गम की नहीं, तेरी तौहीन है
[11/6, 8:46 PM] Bansi Lal: हरेक आदमी जिंदगी से समझौता कर लेता है किन्तु मैंने जिंदगी से समर्पण
कराकर उसके हथियार रख लिए हैं!
[11/6, 8:49 PM] Bansi Lal: पल भर में क्या समझोगे
मैं सदियों में बिखरा हूँ
[11/1, 7:48 AM] Bansi Lal: सजा देनी हमें भी आती हैं
पर तू तकलीफ से गुज़रे यह हमें मंजूर नहीं
[11/1, 7:48 AM] Bansi Lal: तेरा मिलना ऐसे होता है
जैसे कोई हथेली पर
एक वक़्त की रोजी रख दे!
[11/1, 7:50 AM] Bansi Lal: उलझा रही है मुझको ये कशमकश अंदर से कि....!!
तुम बस गये हो मुझमे
या
हम खो गए है तुझमे।।
[11/1, 7:51 AM] Bansi Lal: ज़िंदगी में सबसे बड़ा सच क्या है ???
“ मैं खुद से ज्यादा भरोसा तुम पर करता हूँ l
[11/1, 7:56 AM] Bansi Lal: जो अपना हिस्सा भी औरों में बांट देता है
एक ऐसे शख़्स के हिस्से में आ गए थे हम..
[11/1, 7:58 AM] Bansi Lal: छोटी सी बात पे ख़ुश होना मुझे आता था
पर बड़ी बात पे चुप रहना तुम्ही से सीखा...!!
[11/1, 11:16 AM] Bansi Lal: रहने दो मुझे अंधेरे में ए ग़ालिब
उजालों में मुझे अपनों के असली चेहरे नजर आ जाते हैं
[11/1, 11:48 AM] Bansi Lal: रिश्ते थे टूट गए , अपने थे पराए हो गए
किस किस का रखें हिसाब
जैम मतलब वैसा रंग बदल लेते हैं
[11/1, 12:43 PM] Bansi Lal: जैम की जगह जैसा पढ़े
[11/2, 6:56 AM] Bansi Lal: अपनी ज़िंदगी के सलीके को कुछ यूं मोड़ दो,
जो तुम्हें नज़रअंदाज करें उन्हें नजर आना छोड़ दो
[11/2, 6:57 AM] Bansi Lal: भर लिए जो आंखो मे , वो महज ख़्वाब निकले
टूट कर जो चुभ गए, वो जख्म लाइलाज निकले !!
[11/2, 6:58 AM] Bansi Lal: “ज़िन्दगी तुम्हारे उसी गुण का
इम्तिहान लेती है,
जो तुम्हारे भीतर मौजूद है
[11/2, 6:59 AM] Bansi Lal: दर्जनों क़िस्से-कहानी ख़ुद ही चल कर आ गए
उस से जब भी मैं मिला इतवार छोटा पड़ गया
[11/2, 7:00 AM] Bansi Lal: A calm mind is a dangerous weapon.
[11/2, 11:57 AM] Bansi Lal: उम्र भर की बात बिगड़ी इक ज़रा सी बात में
एक लम्हा ज़िंदगी भर की कमाई खा गया
[11/2, 11:59 AM] Bansi Lal: पत्तों को छोड़ देता है अक्सर खिज़ां के वक़्त
खुदगर्ज़ी ही कुछ ऐसी यहाँ हर शजर में है...
[11/2, 12:01 PM] Bansi Lal: जिस धागे की गांठ खुल सकती है,
उस धागे पे कैंची नही चलानी चाहिए!!
[11/2, 12:02 PM] Bansi Lal: ज़िन्दगी खेलती भी उसी के साथ,
जो खिलाड़ी बेहतरीन होता है
दर्द सबके एक जैसे है,मगर
हौसले सबके अलग अलग है!!
कोई हताश होकर बिखर जाता है,
तो कोई संघर्ष करके निखर जाता है..
[11/2, 7:39 PM] Bansi Lal: सिर्फ़ सोचने से नहीं पूरी होती दिल की हसरतें,
चलने की ज़िद
बहुत ज़रूरी है मंज़िलों के लिए..
[11/2, 7:43 PM] Bansi Lal: मनुष्य के लिए गलत लोगों का साथ उस कोयले के समान है,
जो गर्म हो तो हाथ जला देता है
और ठंडा हो तो हाथ काले कर देता है...
[11/2, 7:49 PM] Bansi Lal: कभी मैं अपने हाथों की लकीरों से नहीं उलझा
मुझे मालूम है क़िस्मत का लिखा भी बदलता है
[11/3, 3:41 PM] Bansi Lal: वक़्त की गर्दिशों का ग़म न करो
हौसले मुश्किलों में पलते हैं
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