जिंदगी का हासिल तो ये ही होता के तु हासिल होता
पर जिंदगी में सब हासिल हो ये मुमकिन नहीं होता
दो गज़ से ज़रा ज्यादा जगह देना कब्र में हमें,,
किसी की याद में करवट बदले बिना हमें नींद नहीं आती।
अपने होने का कुछ एहसास न होने से हुआ
ख़ुद से मिलना मेरा इक शख़्स के खोने से हुआ।
वक़्त भी ये कैसी पहेली दे गया,
उलझने को ज़िन्दगी और समझने को उम्र दे गया...!
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